आत्महत्या करने की वीडियों बनाने वाले का संदिग्ध हालत में मिला शव
अम्बेडकरनगर: बेरोजगारी व पारिवारिक कलह से तंग आ कर श्रवण कुमार ने आत्महत्या करने की वीडियों बनाई और फिर उसका संदिग्ध हालत में शव मिला जिसे पुलिस ने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्रामीणों में श्रवण द्वारा हत्या व आत्महत्या करने को लेकर बहस जारी है।
मामला इब्राहिमपुर थाना क्षेत्र के दशरथपुर का है जहां के निवासी 28 वर्षीय श्रवण कुमार पुत्र झिनकू राम की मां बेला देवी ने गत 29 अप्रैल को इब्राहिमपुर पुलिस से अपने पुत्र श्रवण के खिलाफ तहरीर दिया था जिसे बिना थानाध्यक्ष की जानकारी के ही एक सिपाही द्वारा 30 अप्रैल को दबाव बना कर मां – बेटे में समझौता करा दिया लेकिन 01 मई को संदिग्ध हालत में श्रवण का शव मिला। परिजनों द्वारा बिना पुलिस को सूचना दिए ही अंतिम संस्कार कराने की पूरी तैयारी थी लेकिन किसी ग्रामीण की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस दौरान मृतक का एक वीडियों वायरल हुआ जो 29 अप्रैल के बताया जा रहा है जिसमें श्रवण पढाई लिखाई के बाद रोजगार ना मिलने के कारण बढ़ते पारिवारिक कलह से तंग आ कर आत्महत्या करने की बात करता दिखाई दे रहा है। गाँव मे चर्चा है कि जब माँ बेटे मर सुलह हो गई तो फिर श्रवण ने आत्महत्या क्यों किया और आत्महत्या किया तो परिजनों ने पुलिस को सूचना क्यों नहीं दिया। चर्चा है कि मां की शिकायत के बाद 29 मई की देर रात्रि में हेड कांस्टेबल उमाशंकर मौर्य ने श्रवण के घर पर जाकर धमकी दिया था जिसके बाद 30 अप्रैल को उसी दबाव में इल्तिफ़ात गंज बाज़ार में समझौता कराया गया और 01 मई को श्रवण का शव संदिग्ध हालत में मिला। उक्त यपूरी घटना की जानकारी थानाध्यक्ष को भी नहीं दी गई जो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। ग्रामीणों में चर्चा है कि माँ की शिकायत के बाद हेड कांस्टेबल द्वारा श्रवण पर अधिक दबाव ना डाला जाता तो परेशान होकर श्रवण द्वारा आत्महत्या करने की वीडियों ना बनाई जाती।
बहरहाल मृतक श्रवण के शव के पोस्टमार्टम के बाद हत्या व आत्महत्या में उलझी पुलिस व ग्रामीणों को सही जवाब मिल जाएगा।





