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छोटा जिला बड़ी राजनीति – जानिए किसकी खुल सकती है किस्मत

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बसपा प्रत्याशी के नामों को लेकर अफवाहों का बाजार गर्म – हर कोई बता रहा है सूत्र

अम्बेडकरनगर (रिपोर्ट: एफ.आलम खान एडिटर- मान्यता प्राप्त पत्रकार) बहजन समाज पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल व मंडल प्रभारी घनश्याम चन्द्र खरवार द्वारा गत दिनों जनपद मुख्यालय पर भव्य आयोजन कर मो.कलाम शाह को बसपा प्रभारी बनाने की घोषणा किया था जिसके बाद मो.कलाम शाह लगातार क्षेत्र भ्रमण कर मतदाताओं को अपने पक्ष में मतदान करने के लिए अपील कर रहे थे। श्री कलाम दलित व मुस्लिम के सहारे देश के सबसे बड़े सदन में प्रतिनिधित्व करने की योजना बना ही रहे थे कि उनका एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वॉयरल हो गई जिसमें कलाम शाह ने बसपा नेता पवन मौर्य व मंडल प्रभारी घनश्याम चन्द्र खरवार पर लालाजी वर्मा से पैसा लेने का आरोप लगाया था।

उक्त ऑडियो वायरल होने के बाद मो.कलाम शाह को बसपा ने बाहर का रास्ता दिखा दिया और बसपा नए सिरे से अपने प्रत्याशी की तलाश में जुट गई। बसपा मंडल प्रभारी द्वारा 55 लोकसभा सीट पर दलित व मुस्लिम गठजोड़ के सहारे नीला झंडा लहराना चाहते हैं जिसको लेकर जलालपुर के पूर्व चेयरमैन कमर हयात अंसारी, टाण्डा के पूर्व विधायक पुत्र सपा नेता मुसाब अज़ीम, मऊ के मो.सलीम अंसारी सहित कई मुस्लिम नामों की चर्चाएं सोशल मीडिया पर चल रही है। इस के अलावा सपा नेता शंख लाल मांझी व उनके पुत्र अंकुर मांझी के नामों की भी चर्चायें चल रही है।
बताते चलेंकि 55 लोकसभा सीट को बसपा का गढ़ माना जाता रहा है। पिछले तीन लोकसभा चुनाव में दो बार बसपा व एक बार भाजपा का झंडा लहरा चुका है।

“छोटा जिला बड़ी राजनीति” की बात अम्बेडकर नगर में सटीक बैठती है। सपा कांग्रेस गठबंधन से सपा प्रत्याशी लालजी वर्मा भी कभी बसपा सुप्रीमों के अतिकारीबी हुआ करते थे लेकिन आज सपा से विधायक हैं। भाजपा प्रत्याशी रितेश पांडेय भी सपा बसपा गठबंधन में बसपा के सिम्बल पर ही सांसद बने थे और आज भाजपा के प्रत्याशी हैं। जनपद में जब सपा बसपा के बीच बराबर का टकराव हुआ था तो भाजपा के डॉक्टर हरिओम पांडेय को बड़ा लाभ मिला था।
लोकसभा क्षेत्र में चर्चा है कि बसपा से मुस्लिम प्रत्याशी आने से भजपा का फायदा हो सकता है और बसपा द्वारा गैर-मुस्लिम प्रत्याशी उतारने से सपा को फायदा मिल सकता है और लोकसभा चुनाव त्रिकोणीय भी हो सकता है। समाचार लिखे जाने तक बसपा ने किसी के नाम पर मुहर नहीं लगाई है जिसको लेकर चर्चाएं जारी है हालांकि आगमी 26 अप्रैल को शिवबाबा मैदान में बसपा सुप्रीमों के भतीजे आनंद गौतम का आगमन होने जा रहा है जिसके पूर्व किसी प्रत्याशी पर मुहर लगाने की आशंका प्रकट की जा रही है।

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