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पद्मभूषण मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक की पुण्यतिथि पर मेधावियों को किया गया सम्मानित

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अम्बेडकरनगर: पद्मभूषण मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक की पुण्यतिथि पर मौलाना आज़ाद गर्ल्स इंटर कॉलेज में मेधावियों को सम्मानित किया गया।


जलालपुर में संचालित आज़ाद गर्ल्स इण्टर कालेज में समाज सुधारक, महान शिक्षाविद, शिया धर्मगुरु, इस्लामिक विद्वान, पदमभूषण, मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक की चौथी पुण्यतिथि मनाई गई।कॉलेज में छात्राओं ने उन्हें याद करते हुए विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लिया और महान विद्वान को खिराज ए अकीदत पेश किया।उनका जन्म 1939 में लखनऊ में हुआ था और लंबी बीमारी के बाद 24 नवंबर 2020 को उनका निधन हो गया। उन्हें मरणोपरांत 2021 में पद्म भूषण के प्रतिष्ठित राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया।मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक साहब की प्रारंभिक शिक्षा लखनऊ में हुई।मौलाना कल्बे सादिक साहब को उर्दू के साथ अरबी, फारसी,अंग्रेजी वह हिंदी में महारत हासिल थी। कार्यक्रम में उपस्थित विद्यालय प्रबंधक मौलाना मोहम्मद खालिद कासमी ने अपने संबोधन में कहा कि मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक की पहचान आपसी भाईचारा और मोहब्बत का पैगाम देते शिया धर्म गुरु के रूप में रही है। देश-विदेश में ख्याति प्राप्त मौलाना डॉक्टर कल्बे सादिक शिक्षा और खासकर लड़कियों व गरीब बच्चों की शिक्षा के लिए हमेशा सक्रिय रहे। यूनिटी कॉलेज और एरा मेडिकल कॉलेज के वह संरक्षक भी थे। मौलाना कल्बे सादिक साहब की पुण्यतिथि पर पैगाम फाउंडेशन अध्यक्ष मोहम्मद शाहिद जमाल ने कहा कि वह केवल मुसलमान ही नहीं बल्कि मौलाना कल्बे सादिक इतने महान व्यक्तित्व के धनी थे कि उन्हें जाति धर्म के बावजूद लोगों द्वारा हमेशा याद किया जाता रहेगा।ऐसा इसलिए है कि डॉक्टर सादिक साहब ने हर मजहब के लोगों के दिलों को जीता है।मौलाना साहब को दुनिया आपसी भाईचारे और मोहब्बत का पैगाम देते शिया धर्म गुरु के रूप में जानती हैं।उनके व्यक्तित्व को चंद शब्दों में कह पाना मुश्किल है। प्रधानाचार्या गुलिस्ता अंजुम ने कहा कि पदम भूषण जनाब मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक साहब हिंदू मुस्लिम झगड़े के साथ मुस्लिम धर्म में शिया सुन्नी झगड़े को भी खत्म करने के लिए लगातार कोशिश करते रहे और उनको इसमें बहुत हद तक कामयाबी भी मिली।लखनऊ में शिया सुन्नी कई जगहों पर ईद की नमाज साथ ही पढ़ते हैं यह मौलाना की ही कोशिश थी, जिसके चलते आज शिया सुन्नी के झगड़े में कमी आई है। अनम मेराज, फरहाना अंजुम,शमा परवीन, कनीज सुगरा, सकीना जैनब,केसा जहरा, हानिया जैनब, अमतुज जहरा,इकरा फरीद, मुकद्दस फातमा, अदीबा सुलतान, मनतशा जैनब, सदफ जहरा, मुमताज जहरा, सबीहा जहरा को कॉलेज में आयोजित पुण्यतिथि कार्यक्रम में प्रबंधक मौलाना मोहम्मद खालिद कासमी ने जनाब मौलाना डॉ सैयद कल्बे सादिक अवार्ड से सम्मानित किया।कार्यक्रम का संचालन विद्यालय प्रभारी जमशेद इक़बाल ने किया।उक्त अवसर पर सेक्रेटरी मोहम्मद अहमद, हाजी इरफान अहमद,मास्टर असरार अहमद, मास्टर अबुल कलाम, मरगूब अहमद,मोहम्मद अल्तमश, आमिना खातून, तज्यींन आएशा, शेर अब्बास, कुमार गौरव,सानिया सिराज, मौहम्मद अहमद, फरहीन फातिमा, हमना मरियम, हेरा फातमा, मोहम्मदी खातून, सदफ नूरी,हलीमा सादिया, उमैजा मरियम, जिकरा मरियम, किरन देवी, शशि कला विद्यालय के शिक्षक शिक्षिकाएं एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

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