अम्बेडकरनगर: टाण्डा तहसील परिसर में बनी पानी की टंकी की सीढ़ी गुरुवार को लगभग तीन बजे ऊपर से टूट कर गिर गई जिससे बड़ा हादसा होने से बच गया। सीढ़ी गिरने के बाद तहसील परिसर में हड़कम्प मच गई। टंकी के बगल स्थित ऊपर राजस्व संग्रह कार्यालय व नीचे मौजूद रजिस्ट्रार कानून गो कार्यालय के अधिकारी कर्मचारी निकल कर भागे।
उक्त पानी की टंकी निर्माण के बाद से ही जर्जर हो गई थी पहले उसमें से पानी रिसता था जिससे टंकी के गिरने की संभावना जताई जा रही थी। विभिन समाचार पत्रों में उक्त जर्जर टंकी को लेकर कई बार खबरे भी प्रकाशित होने के साथ तहसील प्रशासन द्वारा कार्यदायी संस्था को पत्र भी भेजा जा चुका है लेकिन कोई कार्यवाही अमल में नहीं आई। सीढ़ी गिरने के साथ ही पानी की टंकी भी गिरने की सम्भावना जताई जा रही है, जिससे तहसील के भवन के अलावा अगल बगल के लोगों के मकान भी प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। पानी टंकी परिसर में तहसील के जनरेटर, इंडिया मार्क टू हैंड पम्प व दो वाटर कूलर भी लगे हुए है जिसमें वादकारी व कर्मचारी सभी लोग पानी पीने भी जाते है लेकिन घटना के समय कोई मौजूद नहीं था जिससे एक बड़ा हादसा टल गया लेकिन पानी के टंकी के गिरने की संभावना को लेकर दहशत बरकरार है।ज्ञात हो कि वर्ष 2010 में 26 जनवरी के दिन टाण्डा तहसील के नव निर्मित भवन का लोकार्पण हुआ था।लोकार्पण के बाद से ही तहसील परिसर में पानी की सप्लाई के लिए बनी पानी की टंकी के रिसाव को लेकर पानी की टंकी के निर्माण की अनियमितता सामने आगयी थी तभी से पत्राचार हो रहा है लेकिन बीते 14 वर्षों में उक्त टंकी की जर्जरता को लेकर मामला चल रहा है परंतु कार्यदायी संस्था ने कोई कार्यवाही नहीं किया। वहीं तहसील प्रशासन भी मात्र पत्र भेजकर अपनी जिम्मेदारियों की इति श्री करती रही उक्त टंकी की जर्जरता को लेकर गम्भीर नहीं दिखी। राजस्व संग्रह कार्यलय व रजिस्ट्रार कानून गो कार्यलय के कर्मचारी उक्त घटना के बाद अपने अपने कार्यलयों में बैठने को तैयार नहीं दिख रहे हैं।





