नोटिस में अंकित आरोपों से विमुक्त होने तक वित्तीय व प्रशासनिक शक्तियों का जिला मजिस्ट्रेट/उपजिलाधिकारी करेंगे निर्वाह : सोशल मीडिया
जाहिलो का बाजार गर्म है लेकिन ओम के रछक खुद महादेव है। जय सनातन : ओमकार गुप्ता
अम्बेडकरनगर: गुरुवार को एक तरफ जहां गांधी जयंती, विजय दशमी मि धूम चल रही है वहीं दूसरी तरफ सोशल मीडिया पर नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा के चेयरमैन ओमकार गुप्ता की शक्तियों पर शासन द्वारा चाबुक चलाने की खूब चर्चाएं हो रही है। सोशल मीडिया पर बताया जा रहा है कि नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा अध्यक्ष ओमकार गुप्ता का वित्तीय एवं प्रशासनिक पावर सीज कर दिया गया है, नगर विकास मंत्रालय ने की बड़ी कार्रवाई किया है जिससे अध्यक्ष के समर्थकों में मायूसी छाई है। उक्त मामले की हकीकत जानने के उद्देश्य से जब अधिशाषी अधिकारी संजय जैसवार से वार्ता करने का प्रयास किया गया तो उन्होंने फोन नहीं उठाया और ना उक्त मामले की व्हाट्सअप के माध्यम से कोई जवाब दिया। नगर पालिका अध्यक्ष ओमकार गुप्ता ने बताया कि फिलहाल उनको भी कोई जानकारी नहीं है और ना ही कोई नोटिस/पत्र मिला है। टीम द्वारा उपजिलाधिकारी टांडा अरविंद त्रिपाठी व अपर जिलाधिकारी डॉ सदानन्द गुप्ता से वार्ता किया गया तो दोनों उच्च अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल इस तरह के मामले की कोई जानकारी नहीं है और ना ही उनके कार्यालय को उक्त के सम्बंध में कोई पत्र मिला है।
विश्वनीय सूत्रों के हवाले से खबर है कि 25 फरवरी 2025 को तत्कालीन जिलाधिकारी द्वारा 21 बिन्दुओ की जांच के सम्बंध में पत्रांक संख्या 168 पर निदेशक स्थानीय निकाय निदेशालय, अनु सचिव उप्र शासन व कमिश्नर को रिपोर्ट भेजते हुए 05 बिन्दुओ पर दोषी करार दिया था जिसमें जे.के इंफ्रा को समयावधि से पहले टेण्डर प्रक्रिया में भाग लेने का आरोपी, नियम के खिलाफ कर्मचारियों को हटाने एवं बिना ऑनलाइन प्रक्रिया के दूसरों को रखने में अनियमितता आदि के मामले मुख्य रूप से शामिल हैं।
नगर पालिका अध्यक्ष ओमकार गुप्ता ने सोशल मीडिया के फेसबुक पर लिखा कि “जाहिलो का बाजार गर्म है लेकिन ओम के रछक खुद महादेव है। जय सनातन”
सोशल मीडिया पर एक पत्र का कुछ अंश वायरल हो रहा है जिसमें लिखा है कि “6. उत्तर प्रदेश नगर पालिका अधिनियम, 1916 की धारा 48 के सुसंगत प्राविधानों के अधीन तात्कालिक प्रभाव से आपको अध्यक्ष, नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा, जनपद अम्बेडकरनगर के वित्तीय एवं प्रशासनिक शक्तियों, कृत्यों के निष्पादन एवं निर्वहन से तब तक के लिए प्रविरत किया जाता है, जब तक कि कारण बताओ नोटिस में अंकित आरोपों से विमुक्त न कर दिया जाय। शक्तियों के प्रविरत रहने की अवधि के दौरान अध्यक्ष, नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा जनपद अम्बेडकरनगर के वित्तीय एवं प्रशासनिक शक्तियों का प्रयोग और निष्पादन जिला मजिस्ट्रेट अथवा उनके द्वारा निर्दिष्ट अधिकारी, जो उपजिलाधिकारी से अनिम्न हो,।
सोशल मीडिया के अनुसार नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा के अध्यक्ष ओमकार गुप्ता को तत्काल प्रभाव से नोटिस में अंकित आरोपों के विमुक्त होने तक वित्तीय व प्रशासनिक शक्तियों से हटा कर उनके कार्यो को जिला मजिस्ट्रेट अथवा जिलाधिकारी द्वारा किसी उपजिलाधिकारी को सौंपने का आदेश शासन द्वारा दिया गया है।
बहरहाल चेअरमैन किछौछा के वित्तीय पावर सीज़ की चर्चाएं खूब हो रही है लेकिन फिलहाल आधिकारिक कोई सूचना नहीं है और इसके पीछे की वास्तविकता क्या है, वो आदेश पत्र सामने आने के बाद ही पता चलेगा।




