अम्बेडकरनगर: यदि आप नगर पालिका प्रशासनिक लापरवाही का जीता जागता उदाहरण देखना चाहते हैं, तो बस एक बार जलालपुर उप जिलाधिकारी आवास कॉलोनी के मुख्य गेट पर चले आइए। यहां बीते छह महीनों से नाले पर रखी पटिया टूटकर नाले में जा गिरी है, जिसकी सूचना स्थानीय लोग और मीडिया के माध्यम से बार-बार प्रशासन को देते आ रहे हैं, लेकिन न तो उप जिलाधिकारी द्वारा कोई संज्ञान लिया और न ही नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी ने ध्यान देना जरूरी समझा।
इस लापरवाही का परिणाम बुधवार को उस समय सामने आया जब सुरूरपुर रोड की तरफ से आ रही एक ब्रेजा कार नाले में बने उसी गड्ढे में फंस गई। कार का एक पहिया गड्ढे में लटक गया और कार असंतुलित हो गई। कार में सवार लोगों में अफरा-तफरी मच गई, हालांकि सौभाग्यवश कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ और सभी सवार सुरक्षित रहे।स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए कड़ी मशक्कत से कार को बाहर निकाला, तब जाकर लोगों ने राहत की सांस ली। इस घटना से एक बार फिर साबित हो गया कि प्रशासनिक उदासीनता किस कदर आम नागरिकों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। स्थानीय नागरिकों ने एक बार फिर नगर पालिका प्रशासन और उप-जिलाधिकारी से मांग की है कि इस समस्या का तत्काल समाधान कराया जाए, ताकि भविष्य में कोई बड़ा हादसा न हो।
इस संबंध में जलालपुर नगर पालिका अधिशासी अधिकारी ने बताया कि जल्द ही पटिया रखवा दिया जाएगा।




