अम्बेडकरनगर: घूस लेने के आरोप में निलंबित चल रहे लेखपाल के समर्थन में लेखपाल संघ द्वारा दिया जा रहा धरना प्रदर्शन लगातार दूसरे दिन जिलाधिकारी के आश्वासन के बाद स्थगित कर दिया गया। जिलाधिकारी द्वारा निलंबित लेखपाल को बहाल किए जाने का निर्देश दिए जाने के बाद लेखपाल संघ ने धरना फिलहाल रोकने का निर्णय लिया है।
विदित हो कि जलालपुर तहसील क्षेत्र के ताहापुर गांव में तैनात लेखपाल संतराज गौड़ पर एक काश्तकार द्वारा कार्य के एवज में 3000 रुपया मांगने की लिखित शिकायत उपजिलाधिकारी से की थी। शिकायत के संज्ञान में आते ही उपजिलाधिकारी राहुल कुमार गुप्ता ने लेखपाल को निलंबित कर दिया था। इस कार्रवाई से नाराज लेखपाल संघ ने तहसील अध्यक्ष जयकरण के नेतृत्व में बीते शुक्रवार से तहसील परिसर में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया था।
अम्बेडकरनगर के सबसे चर्चित मामले की वीडियो देखने ल लिए अभी इसको 🙅टच करें।
लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष जयकरन पाल ने आरोप लगाया कि बिना किसी साक्ष्य, गवाह अथवा वीडियो प्रमाण के मात्र लिखित शिकायत के आधार पर साथी लेखपाल को निलंबित करना अन्यायपूर्ण है। इसी मांग को लेकर आज तहसील दिवस के अवसर पर भी दूसरे दिन धरना जारी रहा।
इस दौरान लेखपाल संघ के जिला अध्यक्ष जितेंद्र यादव के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने अम्बेडकरनगर के जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला से मुलाकात कर अपना पक्ष रखा। जिलाधिकारी ने जलालपुर तहसीलदार गरिमा भार्गव की जांच रिपोर्ट के आधार पर निलंबित लेखपाल संत राज गौड़ को बहाल करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी से मिले आश्वासन के बाद लेखपाल संघ ने निलंबित लेखपाल की बहाली तक धरना स्थगित करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में तहसील लेखपाल संघ के अध्यक्ष जयकरण ने बताया कि जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला द्वारा उपजिलाधिकारी को बहाली के निर्देश दिए गए हैं। लेखपाल संघ का कहना है कि शीघ्र बहाली नहीं होती है तो संघ की बैठक कर आगे की रणनीति तय की जाएगी।




