अम्बेडकरनगर: तीसरे विश्व युद्ध का संकेत देने वाली ईरान-इज़राइल जंग के बीच घरेलू गैस उपभोक्ताओं पर महंगाई का डबल वार पड़ता दिख रहा है। पहले घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में 60 रुपये की बढ़ोतरी की गई और अब दूसरा सिलेंडर लेने की अवधि 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन कर दी गई है। प्रशासन भले ही जिले में गैस की कोई कमी न होने का दावा कर रहा हो, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि सिलेंडर के लिए उपभोक्ताओं को एजेंसियों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
अम्बेडकरनगर जिला पूर्ति अधिकारी शिवकांत पांडेय ने अकबरपुर के पूर्ति निरीक्षक प्रदीप कुमार पांडेय के साथ बाबा गैस एजेंसी अकबरपुर, आजाद इंडेन गैस एजेंसी पियारेपुर कटेहरी और शनि गैस सर्विस कटेहरी का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान एजेंसियों पर गैस की पर्याप्त उपलब्धता होने का दावा किया गया।
हालांकि निरीक्षण के समय बाबा गैस एजेंसी पर उपभोक्ताओं की भारी भीड़ देखने को मिली। कई लोग 25 दिन से पहले ही गैस बुक कराने के लिए लाइन में खड़े थे, जिससे अव्यवस्था का माहौल बन गया। अधिकारियों का कहना है कि जिन एजेंसियों पर गैस खत्म हो जाती है, वहां तत्काल सेल्स ऑफिसर से संपर्क कर सिलेंडर का लोड मंगाया जाता है।
पूर्ति विभाग ने लोगों से अफवाहों से दूर रहने की अपील करते हुए कहा है कि पासबुक और डीएसी के साथ अपनी गैस एजेंसी से संपर्क कर सिलेंडर प्राप्त करें। साथ ही स्पष्ट कर दिया गया है कि अब दूसरा गैस सिलेंडर 25 दिन पूरे होने के बाद ही दिया जाएगा।
इधर उपभोक्ताओं का कहना है कि अगर जिले में गैस की कोई कमी नहीं है तो फिर उन्हें कई-कई दिनों तक एजेंसियों के चक्कर क्यों लगाने पड़ रहे हैं। बाजार में यह चर्चा भी तेज है कि अंतरराष्ट्रीय हालात के बीच कुछ जगहों पर गैस सिलेंडर की कालाबाजारी हो रही है, हालांकि प्रशासन ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
दिलचस्प बात यह है कि दो दिन पहले तक पूर्ति विभाग खुद कह रहा था कि दूसरा सिलेंडर 21 दिन बाद मिल सकता है, लेकिन अचानक इसे बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर गैस की कमी नहीं है तो नियम बदलने की जरूरत क्यों पड़ी हालांकि 21 से बढा कर 25 दिन करने का फैसला पेट्रोलियम मंत्रालय ने लिया है।




