अम्बेडकरनगर: 639वें वार्षिक उर्स के दौरान दरगाह किछौछा में पूर्व वर्षों की तरह परम्परानुसार उर्से मखदूम अशरफ जारी है।
27 मोहर्रम के मौके पर 23 जुलाई बुधवार को दरगाह सैय्यद सुल्तान शाह सैय्यद मखदूम अशरफ जहांगीर सिमनानी के सज्जादानशीन अल्लामा मौलाना सैय्यद मोहिउद्दीन अशरफ के पैतृक आवास बसखारी से पूरी शान व शौकत के साथ पालकी जूलूस कड़ी सुरक्षा के साथ दरगाह किछौछा पहुंचा।
सज्जादानशीन ने लहद खाना से मखदूम अशरफ का प्राचीन ख़िरका मुबारक (पवित्र वस्त्र) धारण किया जिसकी एक झलक पाने के लिए देश के कोने कोने से आये जायरीन काफी मशक्कत करते नज़र आए।
दूर दराज से आये मलंगों की फौज मो आलम शाह के नेतृत्व में अपने साथ सज्जादानशीन को लेकर मुख्य आस्ताना पर पहुंचे जहां साहिबे सज्जादा ने देश सहित विश्व शांति व कल्याण की दुआएं मांगी और पुनः लहद खाना वापस आ कर भी विशेष दुआएं मांगी।
बताते चलेंकि 639वें उर्स व मेला की जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला व पुलिस कप्तान केशव कुमार लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं तथा उर्स व मेला सकुशल व शांतिपूर्ण सम्पन्न कराने के लिए 08 मजिस्ट्रेट को लगाया गया था तथा चार अस्थाई पुलिस चौकी बना कर सुरक्षा व्यवस्था दी जा रही है। बसखारी थानाध्यक्ष संत कुमार सिंह स्वयं व्यवस्था देने में जुटे रहे। उक्त अवसर पर सैय्यद फैज़ान अशरफ चांद मियां, सैय्यद मेराजुद्दीन किछौछवी, सैय्यद खलीक अशरफ, डॉक्टर सैय्यद ज़िया अशरफ, सैय्यद फहद, सैय्यद मोहम्मद अशरफ मुन्ना, सैय्यद रेहान अशरफ, सैय्यद मिन्हाज अशरफ, गफूर शाह, जुहैब खान, मेराज अहमद, इमरान गांधी, सैय्यद तारिक, सैय्यद सहाब मियां आदि मुख्य रूप से मौजूद रहे।




