अम्बेडकरनगर: टांडा तहसील व नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा के रसूलपुर दरगाह में स्थित सुल्तान शाह सैय्यद मखदूम अशरफ़ जहांगीर सिमनानी का आस्तान रूहानी इलाज़ के लिए विश्व स्तर पर सबसे बड़ा केंद्र बन चुका है।
प्रत्येक वर्ष की तरह इस्लामिक कलेण्डर की 23 तारीख से 30 तारीख तक 08 दिवसीय वार्षिक उर्स व मेला का आयोजन दरगाह किछौछा में किया जाता है। 638वें उर्स का समापन प्राचीन परम्परानुसार दाखौल की रस्म के साथ किया गया।उर्स के समापन का एलान दरगाह मखदूम अशरफ के मोतवल्ली सज्जादानशीन सैय्यद मोहिउद्दीन अशरफ ने करते हुए इंतेजामिया कमेटी सहित स्थानीय व जिला प्रशासन की सराहना किया।
मखदूम अशरफ इंतेजामिया कमेटी के अध्यक्ष व मखदूम अशरफ के वंशज मौलाना सैय्यद अजीज़ अशरफ ने बताया कि इस बार दरगाह परिक्षेत्र के दर्जनों स्थानों पर स्वच्छ आरओ जल की निःशुल्क व्यवस्था किया गया था। श्री अजीज़ ने प्रशासनिक अधिकारियों सहित पुलिस विभाग का विशेष धन्यवाद ज्ञापित किया।
हजरत सैय्यद मखदूम अशरफ जहांगीर के वंशज सैय्यद खलीक अशरफ ने भी नगर पंचायत अशरफपुर किछौछा सहित टांडा नगर पालिका व जलालपुर नगर पालिका के सफाई कर्मियों की जमकर सराहना किया। श्री खलीक ने जिलाधिकारी व पुलिस कप्तान सहित एडीएम, एडिशनल एसपी, एसडीएम टांडा, सीओ सिटी, एसडीएम न्यायिक टांडा, तहसीलदार आदि की भी जमकर सरहाना किया।
बताते चलेंकि दाखौल की रस्म के दौरान दरगाह मखदूम अशरफ मोतवल्ली व सज्जादानशीन सैय्यद मोहिउद्दीन अशरफ ने सहन आस्ताना पर बैठ कर देश के कोने कोने से आये हुए मलंगों की मांगों को सुन कर उन्हें पूरा करने का आश्वासन देते हैं। मलंग सज्जादानशीन मो.आलम शाह पूर्व वर्षों की तरह अपने पिता स्व.हाजी गनीदार शाह के स्थान पर मलंगों की रहनुमाई करते हुए साहिबे सज्जादा से मलंग गुलाम रसूल बाबा के आस्ताना को सही कराने की मांग किया। उक्त मौके दरगाह मोतवल्ली व सज्जादानशीन सैय्यद मोहिउद्दीन अशरफ, सैय्यद अजीज़ अशरफ, मो.आलम शाह, सैय्यद शेखू अशरफ, सैय्यद मिन्हाज अशरफ, सैय्यद सैफ अशरफ, गफ्फूर शाह, मेराज आलम शाह, अंजार अली शाह, रईस अली शाह, इमरान गांधी, सईद मुजाविर, सरफ़राज़ खादिम आदि मुख्य रूप से मौजूद रहे।





