अम्बेडकरनगर (सूचना न्यूज़ कार्यालय) शनिवार को होने वाली टी.जीटी की परीक्षा के संदर्भ में एस.टी.एफ लखनऊ यूनिट की सूचना पर जनपद के पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी के निर्देशन में थाना जलालपुर पुलिस टीम व एस.टी.एफ गोरखपुर द्वारा आधा दर्जन व्यक्तियों को गिरफ्तार कर टी.जी.टी के आर्ट्स विषय का पर्चा लीक होने की सूचना के सम्बन्ध में पूछताछ की जा रही है। पेपर लीक कराने वालों की गिरफ्तारी की सूचना पर अयोध्या मंडलायुक्त व आईजी जनपद पहुँचे और टाण्डा कोतवाली में घण्टों कैम्प किया जहां डीएम, एसपी सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार गिरफ्तार व्यक्तियों में सौरभ यादव पुत्र कन्हैया लाल यादव राम ग्राम चितईपट्टी थाना कटका, मुकेश कुमार पुत्र मिठ्ठू लाल निवासी कुटिया अमड़ी थाना कटका, परवेश पुत्र संतराम विश्वकर्मा निवासी कुटिया अमड़ी थाना कटका, सचिन पुत्र शिवबचन यादव निवासी चितई पट्टी थाना कटका, प्रेमचन्द यादव पुत्र राजाराम यादव निवासी कुटिया अमड़ी थाना कटका व रविन्द्र कुमार यादव पुत्र रामधारी यादव निवासी अटंगी थाना बेवाना शामिल हैं।
पुलिस अधीक्षक श्री आलोक ने बताया कि अब तक की पूछ ताछ से यह प्रकाश में आया है कि उपरोक्त 06 व्यक्ति कस्बा जलालपुर, बसखारी एवं अकबरपुर स्थित विभिन्न विद्यालयो में टी.जी.टी आर्ट्स की परीक्षा देने के लिये आये थे। सचिन नें पूछ ताछ में बताया कि उसके फोन के वाट्सएप्प पर आर्ट्स की “आन्सर की” मनोज पुत्र अज्ञात निवासी गणेसर थाना जलालपुर जो प्रयागराज में रह कर पढ़ाई कर रहा है, ने शनिवार को प्रातः 09.04 पर भेजा था। सचिन के द्वारा उक्त “आन्सर की” को उपरोक्त शेष 05 ब्यक्तियों को ह्वाट्सएप्प के माध्यम से भेजा गया था। मनोज के द्वारा “आन्सर की” अन्य किस-किस ब्यकित को दिया गया है, के विषय में एस.टी.एफ के द्वारा प्रयागराग में पूछताछ की जा रही है। “आन्सर की” के सम्बन्ध में जानकारी करने पर अब तक जो तथ्य प्रकाश में आये है उसमें मोबाइल फोन पर उपलब्ध “आन्सर की” से यह स्पष्ट नहीं हो रहा है कि वह किस विषय की “आन्सर की ” है। पकड़े गये संदिग्ध सभी ब्यक्तियो की आज कला विषय की परीक्षा थी, जिससे ऐसा प्रतीत होता है कि उनके पास से मिली आन्सर की कला विषय की ही है। उल्लेखनीय है कि आज पहली पाली में 04 विषय क्रमशः कला, विज्ञान, संस्कृत व गृह विज्ञान की परीक्षाये थी। 04 सेट के “आन्सर की” के एक प्रश्न के जवाब अलग अलग सेट में अलग-अलग है। जाँच के लिये प्राप्त प्रश्न पत्रो के चारो सेट में से कतिपय प्रश्नो, जो अलग-अलग सेट में अलग-अलग क्रमांक पर है, का सही जवाब मिलाने पर अलग-अलग सेट में A, B, C, D विकल्पो अलग-अलग जवाब है। कुछ सेट में कुछ प्रश्नो का सही जवाब है एवं कतिपय में गलत जवाब है। जाँच हेतु लिये गये कतिपय नमूना प्रश्नो का “आन्सर की” से मिलाये जाने पर अधिकांश के जवाब सही नही पाये गये है।
उपरोक्त प्रकरण में पकड़े गये संदिग्ध व्यक्तियों से गहन पूछताछ एस०टी०एफ० एवं स्थानीय पुलिस के द्वारा की जा रही है। स्थानीय पुलिस को उपरोक्त प्रकरण में मुकदमा पंजीकृत कर गहन विवेचना के निर्देशित कर दिया गया है। पुलिस कप्यं ने दावा कोया की अब तक की जाँच से प्रथम दृष्टया प्रकरण प्रश्न पत्र के लीक होने का नहीं पाया जा रहा है। अन्य विधिक कार्यवाही प्रचलित है।
TGT पेपर लीक मामले में एसटीएफ ने आधा दर्जन अभियुक्तों को किया गिरफ़्तार


