WhatsApp Icon

हमने कहा है कि जो पैसा ना दे उसे काम से निकाल दो : ठेकेदार रामचंदर

Sharing Is Caring:

 

कई साल से कार्य करने वालों से भी ठेकेदार जबरन कर रहे हैं वसूली

आत्मदाह करने पर मजबूर है वर्षों से हाउस कीपिंग डिपार्टमेंट में काम करने वाला धीरज वर्मा

अम्बेडकरनगर: एनटीपीसी टाण्डा में ठेकेदारों द्वारा वर्षों से कार्य करने वालों से भी जबरन अवैध धन उगाही को जा रही है। बिना पैसा दिए किसी को नौकरी नहीं दी जाती है जिसकी शिकायत मुख्यमंत्री से की गई है और ठेकेदार की एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है।
वैभव सिंह पटेल ने मुख्यमंत्री को प्रपत्र भेजते हुए बताया कि एनटीपीसी हाउस कीपिंग डिपार्टमेंट में भारत कंस्ट्रक्शन के ठेकेदार रामचन्दर वर्मा द्वारा कार्य दिलाने के नाम पर जबरन अवैध धन की मांग की जा रही है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उसके चाचा का लड़का धीरज वर्मा गत पांच वर्षों से हाउस कीपिंग डिपार्टमेंट में विनायक कंस्ट्रक्शन के तहत कार्य करता था, उक्त डिपार्टमेंट में वेंडर बदलने के कारण धीरज वर्मा को काम से निकाल दिया गया तथा पुनः रखने के लिए 80 हजार रुपये की मांग की जा रही है जिससे परेशान धीरज आत्मदाय करने पर मजबूर है।


वायरल वीडियो में ठेकेदार राम चंदर वर्मा साफ साफ कहते सुनाई दे रहे हैं कि हमने कहा है कि वो पैसा ना दे उसे काम से निकाल दो। ठेकेदार का कहना है कि एनटीपीसी वेंडरों का टेंडर काम दाम पर स्वीकार करता है, जिसके कारण कम्पटीशन हो गया है और उन्हें भी बिलो पर टेंडर डालना पड़ता है, जिसकी भरपाई लेबरों से ही करना पड़ता है और सभी ठेकेदार लेबरों से उसूली करते हैं क्योंकि बिना लिए हुए किसी का काम नहीं चलता है।
बहरहाल एनटीपीसी टाण्डा में ठेकेदार पद्धति के कारण मज़दूरों का शोषण हो रहा है, कई कई वर्षों से काम करने वालों से भी अवैध धन वसूली की जा रही है और अवैध धन न देने वालों को काम से निकाल दिया जाता है।

अन्य खबर

रात्रि में घर से गायब नाबालिग बालिका मामले में टाण्डा पुलिस का बड़ा एक्शन: आरोपी गिरफ्तार—बालिका सकुशल बरामद

बसखारी पुलिस का बड़ा वार: शातिर मोबाइल चोर गैंग का भंडाफोड़, लाखों के फोन बरामद

बीमारी पर ब्रेक, सेहत का फुल फ्री चेकअप: सुपर स्पेशलिस्ट मेगा मेडिकल कैम्प में इलाज व दवा मुफ्त

error: Content is protected !!

We use cookies for analytics and advertising. By continuing to use this site, you consent to our use of cookies.