अम्बेडकरनगर (रिपोर्ट: गोपाल सोनकर जलालपुर) एक ओर सरकार धान की फसल को देखते हुए खाद की पर्याप्त उपलब्धता के बड़े-बड़े दावे कर रही है, वहीं जमीनी हकीकत बिल्कुल उलट है। जलालपुर तहसील क्षेत्र के बड़ागांव, अशरफपुर सहित अन्य सहकारी समितियों पर खाद की किल्लत से किसान परेशान हैं। किसानों को जरूरत के हिसाब से खाद नहीं मिल पा रही है, जिसके चलते उन्हें बार-बार समिति के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
इसी कड़ी में सहकारी समिति अशरफपुर मझगवां के किसानों का सब्र टूट गया। नाराज किसानों ने समिति के बगल से होकर गुजरने वाली जलालपुर–बसखारी मार्ग को जाम कर दिया। जाम की सूचना मिलते ही समिति सचिव पंकज कुमार आनन-फानन में पहुंचे और खाद वितरण शुरू कराया।स्थानिक किसान राजेश यादव, बृजेश वर्मा, चंद्रजीत, राजीव कुमार और राधेश्याम समेत दर्जनों ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि ग्राम सचिव किसानों को सुबह 7 बजे बुलाते हैं जबकि स्वयं 10 बजे पहुंचते हैं। इस दौरान किसान लाइन में घंटों खड़े रहते हैं, लेकिन अंत में उन्हें सिर्फ दो बोरी खाद ही उपलब्ध कराई जाती है। किसानों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही खाद की आपूर्ति सुचारू नहीं हुई तो वे बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।