बलिया (रिपोर्ट अखिलेश सैनी) रसड़ा नगर के मेरू राय का पुरा मुहल्ले में पिछले दिनों रसड़ा पुलिस द्वारा पक्षपात पूर्ण तरीके से अनदेखी कर एक पक्ष को कब्जा दिला दिये जाने का मामला जब हाईकोर्ट पहुंचा तो उसकी आंच पुलिस अधिकारियों पर भी पड़नी शुरू हो गई है। बुधवार को पुलिस अधीक्षक राजकरन नय्यर ने सख्त रूख अख्तियार करते हुए कार्य में लापरवाही बरतने पर जहां रसड़ा सीटी इंचार्ज व उत्तरी चौकी प्रभारी रवींद्र पटेल को निलंबित कर दिया है वहीं इंस्पेक्टर क्राइम राकेश सिंह को लाइन हाजिर कर कार्य में लापरवाही बरने वाले अधिकारियों को सख्त संदेश दिया है। इस कार्रवाई से पुलिस महकमें में हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस के अधिकारी भले ही इस कार्रवाई को प्रशासनिक फेरबदल व विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई मान रहे हैं किंतु इस कार्रवाई को लोग कब्जा दिलाये जाने में पुलिस की मनमानी से जोड़ कर देख रहे हैं। इस संबंध में क्षेत्राधिकारी रसड़ा एसएन वैस ने क्राइम इंस्पेक्टर रसड़ा राकेश सिंह को लाइन हाजिर करने तथा सीटी इंचार्ज रवींद्र पटेल को निलंबन करने की पुष्टि करते हुए इसे विभागीय कार्रवाई बताया। गौरतलब है कि गत 24 जुलाई को एडिशनल एसपी बलिया ने रसड़ा के मेरूराय का मुहल्ना पहुंचकर कब्जा दिलाये जाने के आरोपों की जांच करते हुए दोनों पक्षों से बयान दर्ज कर इसकी रिपोर्ट पुलिस अधीक्षक को सौंपी थीं।
पक्षपात कर एक पक्ष को भूमि कब्जा दिलाना पुलिस अधिकारियों को पड़ा मंहगा


