WhatsApp Icon

झोलाछाप डॉक्टर के गलत इंजेक्शन से महिला का घाव बना नासूर

Sharing Is Caring:

अम्बेडकरनगर: जिलाधिकारी के निर्देश पर स्वास्थ विभाग तमाम प्रयासों के बावजूद पूरे जनपद में झोलाछाप डॉक्टरों पर कोई लगाम नहीं लग पा रही है। इन झोलाछाप डॉक्टरों के गलत इलाज के कारण कही लोग जान गवां रहे है तो कही लाइलाज बीमारी के शिकार हो जा रहे है लेकिन स्वास्थ विभाग इन पर अंकुश लगाने में अक्षम साबित हो रहा है।


ऐसा ही एक और मामला जलालपुर कोतवाली क्षेत्र के मुरवाह गांव के झोलाछाप डाक्टर का आया है। गांव निवासी सरदीप पुत्र ललसू ने बताया कि मां के बीमार होने पर वह उसे बड़ेपुर सरकारी अस्पताल लेकर जा रहा था। इसकी जानकारी मिलने पर अहमद पुत्र शमशेर अली निवासी ग्राम बडेपुर थाना सम्मनपुर जो सरकारी अस्पताल बड़ेपुर के समीप ही अपना अवैध अस्पताल खोलकर प्रैक्टिस करता है के द्वारा इलाज करने की बात कहकर अपने यहां बुलाया और इलाज के दौरान झोलाछाप डॉक्टर ने महिला की दाहिनी जाँघ में इंजेक्शन लगाया जिससे महिला को काफी दर्द होने लगा जो लगातार दूसरे दिन तक होता रहा। दर्द बढ़ने पर दूसरे दिन पुनः जब उस डॉक्टर को दिखाया गया तो उसने दवा देते हुए जल्दी ठीक हो जाने का आश्वासन दिया। अगले दिन जब दर्द के साथ साथ इंजेक्शन का घाव बढ़ने लगा तो उक्त झोलाछाप चिकित्सक ने कहीं और दिखाने के बात कहकर इलाज करने से इनकार कर दिया। घटना से आहत पीड़ित ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को शिकायती पत्र भेजकर झोलाछाप चिकित्सक के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की थी किंतु सप्ताह पर बीत जाने के बावजूद चिकित्सा विभाग द्वारा कोई कार्रवाई नहीं होने पर पीड़ित आक्रोशित और निराश है।
इस संबंध जब मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ राजकुमार से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। टीम बनाकर जगह जगह अवैध अस्पतालों तथा झोलाछाप डाक्टरों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है।

अन्य खबर

🔴 10 साल पुराने मंशाराम हत्याकांड में बड़ा फैसला: पूर्व ब्लाक प्रमुख अजय सिंह सिपाही समेत तीन दोषी करार

कोर्ट आदेश के बाद तालाब पर वर्षों से बने अवैध पक्के निर्माण पर चला प्रशासन का बुलडोज़र

रविवार 22 फरवरी को विशेष अभियान दिवस: मतदाता सूची में नाम जोड़ने-सुधार का मौका

error: Content is protected !!

We use cookies for analytics and advertising. By continuing to use this site, you consent to our use of cookies.