WhatsApp Icon

“एक दीया शहीदों के नाम” प्रतियोगिता का हुआ अयोजन

Sharing Is Caring:

मैनपुरी (रिपोर्ट: गुलज़ार शकील) भोगांव। प्राथमिक विद्यालय रजवाना पर दो दिवसीय एक दीया शहीदों के नाम से दीया सजाओ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमे बिधालय के छात्र छात्राओ ने हिस्सा लिया।
शनिवार को ग्राम रजवाना के प्राथमिक बिधालय मे विद्यालय पर प्रतिवर्ष दीपावली से पूर्व सभी कक्षाओं के छात्रों के मध्य दो दिवसीय कार्यशाला में दीया सजाओ प्रतियोगिता आयोजित करवाने की परम्परा रही है। मोहम्मद इशरत अली ने बताया कि गत दो वर्षों में कोरोना संक्रमण के चलते विद्यालय बंद होने के कारण आयोजन नहीं हो सका इस वर्ष विद्यालय खुलते ही छात्र छात्राओं में राष्ट्रीय प्रेम जागृत करने और भारतीय परम्पराओं में राष्ट्रीय एकता को समाहित कर पर्व को मानने की परम्परा छात्र जीवन से ही जोड़ी जानी चाहिए ताकि बच्चों को राष्ट्र प्रेम और राष्ट्र की सुरक्षा पर शहीद होने वाले वीर सैनिकों के बलिदान को याद करते हुए हर पर्व में शामिल करने की आदत बन जाए। शनिवर को सभी छात्रों ने दीयों को बहुत ही आकर्षक रंगों से सजाकर सभी का मन मोह लिया। सहायक अध्यापक अरुण प्रताप सिंह ने कहा कि हम सब मिलकर देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजली देते हुए उनकी याद में एक दीया जलाते हैं। छात्रों में भारतीय सेना के प्रति समर्पण का भाव जागृत करने के लिए छात्र जीवन में इस प्रकार के कार्यक्रम बहुत ही
मददगार होते हैं। कार्यक्रम के प्रथम दिवस की समाप्ति पर सभी छात्रों ने अपने सजाये हुए दीयों को सभी के समक्ष प्रदर्शित किया। जिसमे कक्षा पांच की छात्रा कुमारी प्रिया,नीलम,दीक्षा, रोशनी, रुचि, राधा व कक्षा चार की छात्रों में दिव्या, अफसाना, कुमकुम, चांदनी, सुधा, रश्मा, वंदना, अंकित, मदन गोपाल, अनूप, कक्षा तीन की अंजलि, कोमल, महक, स्वेच्छा, कंचन, आयुष विजय ,अखिलेश,आकाश आदि ने मनमोहक दीये सजाकर प्रदर्शित किए।

अन्य खबर

नितिन नबीन के भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने व सहकारी बैंक चुनाव में भाजपा नेताओं की जीत पर अटल भवन में जश्न

अकबरपुर गांधी आश्रम शिक्षिका हत्याकांड का खुलासा, पति सहित सास-ससुर गिरफ्तार

यूपी सिविल सर्विसेज क्रिकेट टीम को मिला मजबूत हथियार, टांडा सब रजिस्ट्रार बने बॉलिंग कोच, दिल्ली में दिखेगा अनुभव का दम

error: Content is protected !!

We use cookies for analytics and advertising. By continuing to use this site, you consent to our use of cookies.