अम्बेडकरनगर: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में शनिवार को प्रातः 10.30 बजे से जनपद न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन राम सुलीन सिंह जनपद न्यायाधीश / अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की अध्यक्षता में माँ सरस्वती के प्रतिमा के समक्ष दीपार्चन एवं पुष्पार्चन करके अब्दुल कैय्यूम अध्यक्ष स्थायी लोक अदालत, डा० श्रीमती जया पाठक, अपर जिला जज प्रथम, मोहन कुमार, विशेष न्यायाधीश, पाक्सो अधिनियम / नोडल अधिकारी, राष्ट्रीय लोक अदालत की उपस्थिति में एवं भारतेन्दु प्रकाश गुप्ता, अपर जिला जज / सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, के देख-रेख में व जनपद न्यायालय के समस्त सम्मानित न्यायिक अधिकारीगण एवं के डी मिश्र अध्यक्ष विशाल सिंह महामंत्री, बार एसोसिएशन व बार एसोसिएशन के सम्मानित सदस्यगण एवं जनपद न्यायालय के कर्मचारीगण की उपस्थिति में कराया गया। इसी कम में पुरानी कचहरी अकबरपुर स्थित पारिवारिक न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन अनिल कुमार सिंह प्रथम, प्रधान न्यायाधीश पारिवारिक न्यायालय द्वारा माँ सरस्वती के प्रतिमा के समक्ष दीपार्चन, पुष्पार्चन एवं माल्यापर्ण करके पारिवारिक न्यायालय के कर्मचारीगण एवं वादकारीगण की उपस्थिति में कराया गया।
उक्त राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 14 अदालतें लगायी गई थी। जनपद न्यायाधीश राम सुलीन सिंह द्वारा 01 वाद का निस्तारण करते हुए पांच सौ रूपये का अर्थदण्ड आरोपित किया गया। स्थायी लोक अदालत के अध्यक्ष अब्दुल कैय्यूम द्वारा 04 वादों का निस्तारण किया गया। श्री अनिल कुमार सिंह प्रथम, प्रधान न्यायाधीश पारिवारिक न्यायालय द्वारा 29 वैवाहिक एवं पारिवारिक वादों का निस्तारण किया गया। डा. श्रीमती जया पाठक अपर जिला जज प्रथम द्वारा 07 वादों का निस्तारण करते हुए तीन हजार पांच सौ रूपये अर्थदण्ड आरोपित किया गया। राम बिलास सिंह, विशेष न्यायाधीश एस०सी०/एस०टी० अधिनियम, द्वारा 06 वादों का निस्तारण करते हुए दो हजार पांच सौ रूपये का अर्थदण्ड आरोपित गया। मोहन कुमार, विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम, द्वारा 03 वादों का निस्तारण करते हुए एक हजार पांच सौ रूपये का अर्थदण्ड आरोपित गया। सुशील कुमार चतुर्थ, अपर जिला जज, त्वरित प्रथम द्वारा 08 वादों का निस्तारण करते हुए पांच हजार पांच सौ रूपये का अर्थदण्ड आरोपित गया। परविन्द कुमार अपर जिला जज त्वरित द्वितीय द्वारा 103 वादों का निस्तारण करते हुये बत्तीस हजार रूपये का अर्थदण्ड आरोपित किया गया।श्रीमती सुधा यादव, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा सबसे अधिक 5106 एमवी अधिनियम, चालानी एवं फौजदारी वादों का निस्तारण करते हुए दो लाख छः हजार छः सौ रूपये का अर्थदंड आरोपित किया गया जबकि शैलेश कुमार मौर्य, सिविल जज सीनियर डिवीजन द्वारा 10 वादों का निस्तारण करते हुये एक करोड़ उन्हत्तर लाख चौरासी हजार सात सौ पचास रूपये का उत्तराधिकार प्रमाण पत्र जारी किया गया।
श्रीमती ज्योत्सना मणि यदुवंशी, अपर सिविल जज सीनियर डिवीजन द्वारा 350 वादों का निस्तारण करते हुये तीन हजार पांच सौ रूपये का अर्थदण्ड आरोपित किया गया। सुश्री गार्गी, सिविल जज (सी०डि०) त्वरित / अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा कुल 561 वादों का निस्तारण करते हुए पांच हजार पांच सौ रूपये का अर्थदंड आरोपित किया गया। सुश्री मेघा चौधरी, सिविल जज जूनियर डिवीजन द्वारा कुल 300 वादों का निस्तारण करते हुए दो हजार नौ सौ सत्तर रूपये का अर्थदंड आरोपित किया गया एवं दो लाख बत्तीस हजार दो सौ छत्तीस रूपये का उत्तराधिकार प्रमाण पत्र जारीकिया गया।
अभिषेक सिंह-III, सिविल जज जूनियर डिवीजन टाण्डा द्वारा कुल 662 वादों का निस्तारण करते हुए छः हजार छः सौ पचास रूपये का अर्थदंड आरोपित किया गया।
उक्त राष्ट्रीय लोक अदालत में जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग द्वारा 21 वादों का निस्तारण करते हुये चौबीस लाख, सत्ताईस हजार, पांच सौ अस्सी रूपये क्षतिपूर्ति दिलवाई गई।
भारतेन्दु प्रकाश गुप्ता, अपर जिला जज सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा बताया गया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद न्यायालय के समस्त न्यायालयों द्वारा कुल 7150 वाद के राजस्व न्यायालयों द्वारा कुल 17812 राजस्व वाद, विद्युत विभाग के 3616 वाद एवं जनपद के अन्य विभागों द्वारा 20931 वाद, बैंक ऑफ बड़ौदा, बड़ौदा उ०प्र० ग्रामीण बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, भारतीय स्टेट बैंक सहित जनपद के अन्य बैंकों द्वारा स्टाल लगाकर 933 वाद निस्तारित करते हुये 5,34,23,239/- रुपया का समझौता किया गया जिसमें से 1,84,22,131/- रुपया तत्काल वसूल किया गया। इस प्रकार कुल प्री-लिटिगेशन के 43292 वादों का निस्तारण हुआ। कुल मिलाकर इस राष्ट्रीय लोक अदालत में 50442 वादों का निस्तारण किया गया।
इसके अतिरिक्त उ०प्र० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार दिनांक 11, 12, 13 दिसम्बर 2024 को आयोजित लघु आपराधिक वादों (Petty Offence) की विशेष लोक अदालत में जनपद न्यायालय के समस्त मजिस्ट्रेट न्यायालयों द्वारा कुल 103 वाद निस्तारित किये गये
इस राष्ट्रीय लोक अदालत में राजन राठी, न्यायिक मजिस्ट्रेट / प्रधान मजिस्ट्रेट, किशोर न्याय बोर्ड, कमलेश भास्कर, अग्रणी जिला प्रबन्धक, बैंक ऑफ बड़ौदा, शिव कुमार, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी, जनपद न्यायालय, मनोज कुमार पाण्डेय, केन्द्रीय नाजिर, ओमकेश पाण्डेय, सहायक नाजिर, अंकुर पाण्डेय, कम्प्यूटर आपरेटर, इशरतुल्लाह, लिपिक, प्रदीप कुमार, लिपिक, एवं जि०वि० से० प्रा० के अन्य कर्मचारीगण, लीगल एड डिफेन्स काउन्सिल सिस्टम के अधिवक्त्तागण, राजेश तिवारी, शरद पाण्डेय व फंट आफिस एवं लीगल एड क्लीनिक एवं ई-सेवा केन्द्र पर नियुक्त पराविधिक स्वंय सेवकों सहित अन्य वादकारीगण व अधिवक्तागण आदि उपस्थित रहे।




