अम्बेडकरनगर: औद्योगिक टाण्डा नगर में जलजीवन मिशन योजना आमजनों के जीवन का काल बनती जा रही है। नगर भर में जगह-जगह अधूरा कार्य पड़ा हुआ है, जिससे न केवल आवागमन बाधित हो रहा है बल्कि रोज़ाना लोग हादसों का शिकार भी हो रहे हैं।
ताज़ा मामला टाण्डा नगर के ताज टॉकीज़ से चूड़ी वाली गली का है, जहां सड़क की खुदाई की चपेट में आने से 18 वर्षीय आतिफ निवासी नैपुरा और 17 वर्षीय मो. ज़ैद खान निवासी कस्बा गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में एक किशोर का हाथ टूट गया, जबकि दोनों के चेहरे पर गंभीर चोटें आई हैं। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
हादसे से परिजनों में भारी आक्रोश व्याप्त है। परिजनों का कहना है कि जलजीवन मिशन योजना के तहत बिना किसी सुरक्षा व्यवस्था, बैरिकेडिंग या चेतावनी बोर्ड के खुदाई कर दी गई है। इस लापरवाही का खामियाजा मासूम बच्चों को भुगतना पड़ रहा है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि दोनों घायल किशोर प्री-बोर्ड परीक्षा के छात्र हैं, लेकिन इस हादसे के चलते उनकी परीक्षाएं भी छूट रही हैं, जिससे उनका भविष्य प्रभावित हो रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर में जलजीवन मिशन के कार्यों की न तो सही निगरानी हो रही है और न ही समय से काम पूरा किया जा रहा है। प्रशासन की ओर से केवल चेतावनी दी जा रही है, जबकि संबंधित विभाग मूकदर्शक बना हुआ है।
लोगों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि जलजीवन मिशन के तहत चल रहे कार्यों की तत्काल समीक्षा कराई जाए, अधूरी खुदाई को जल्द पूरा कराया जाए, सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन हो और लापरवाह ठेकेदारों व अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों पर रोक लग सके।








