अम्बेडकरनगर: न्यायालय के आदेश पर राजस्व विभाग द्वारा कराए गए सीमांकन को चुनौती देते हुए दबंगों द्वारा सीमा-चिह्न (पत्थर) उखाड़कर फेंकने और विरोध करने पर मारपीट करने का मामला सामने आया है। घटना के बाद पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

मामला जलालपुर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम जैनापुर का है। गांव निवासी रवि कुमार पांडे के अनुसार उनके पिता रमाकांत पांडे के नाम दर्ज गाटा संख्या 1064 की भूमि की पैमाइश बीते 6 जून को न्यायालय के आदेश के अनुपालन में राजस्व निरीक्षक, चकबंदी लेखपाल और पुलिस बल की मौजूदगी में कराई गई थी। सीमांकन के बाद भूमि पर सीमा-चिह्न भी स्थापित किए गए थे।
आरोप है कि कुछ दिन बाद गांव के ही इंद्रजीत, राहुल, रामनवल, हरीराम समेत अन्य लोगों ने राजस्व विभाग द्वारा लगाए गए पत्थरों को उखाड़कर फेंक दिया। जानकारी मिलने पर जब पीड़ित पक्ष ने इसका विरोध किया तो आरोपितों ने कथित रूप से गाली-गलौज शुरू कर दी और मारपीट पर उतारू हो गए। घटना के बाद पीड़ित ने कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
सवाल यह है कि जब प्रशासन और पुलिस की मौजूदगी में सीमांकन हुआ था, तो आखिर सरकारी सीमा-चिह्न उखाड़ने का दुस्साहस किसके भरोसे किया गया? प्रभारी निरीक्षक अजय प्रताप यादव ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले की जांच कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।




