टाण्डा नगर में कनेक्शन काटने की कार्रवाई से उबाल, AIMIM ने SDM को सौंपा ज्ञापन—‘परंपरागत पर्व को डिस्टर्ब करना बंद करो’; वायरल ऑडियो ने भी मचाई खलबली
अम्बेडकरनगर (रिपोर्ट: आल्म खान एडिटर – मान्यता प्राप्त) पैगम्बरे इस्लाम हजरत मोहम्मद साहब ﷺ की जश्ने विलादत को लेकर टाण्डा में जहां एक ओर भव्य सजावट और जुलूसे मोहम्मदी की तैयारियां अंतिम दौर में हैं, वहीं बिजली विभाग की कार्रवाई को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। सजावट के लिए घरों से दिए जा रहे बिजली कनेक्शनों को काटने और कटिया कनेक्शन हटाने की कार्रवाई शुरू होने के आरोपों से मुस्लिम समाज में नाराजगी बढ़ गई है। मामले ने अब प्रशासनिक दरवाजे पर दस्तक दे दी है।
एआईएमआईएम जिलाध्यक्ष गुलाम दस्तगीर अंसारी ने एसडीएम टाण्डा को ज्ञापन देकर मांग की है कि परंपरागत ढंग से मनाए जाने वाले जश्ने विलादत के आयोजन को किसी भी सूरत में बाधित न किया जाए। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि पीस कमेटी की बैठक में आंतरिक बिजली कनेक्शन को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई थी, जबकि बैठक में एसडीओ टाण्डा स्वयं मौजूद थे। इसके बावजूद अब बिना पूर्व सूचना कनेक्शन काटने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
‘बिजली काटी तो कैसे जगमगाएगा टाण्डा?’
टाण्डा की मुख्य सड़कों, चौराहों और गलियों में जश्ने विलादत के मौके पर हर वर्ष भव्य सजावट की जाती है। घरों, दुकानों और मोहल्लों से बिजली लेकर सजावट की रोशनी की जाती है। ऐसे समय में कनेक्शन काटे जाने की कार्रवाई को लेकर सवाल उठ रहे हैं कि जब बिजली ही नहीं रहेगी तो परंपरागत सजावट कैसे होगी?
आरोप है कि सजावट के लिए घरों से बिजली देने वाले लोगों के कनेक्शन भी काटे जा रहे हैं। AIMIM जिलाध्यक्ष ने इसे लेकर प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।
“सोशल मीडिया पर वायरल एक ऑडियो ने गरमाया माहौल”
विवाद के बीच सोशल मीडिया पर वायरल बताए जा रहे एक ऑडियो ने मामले को और तूल दे दिया है। आरोप है कि ऑडियो में दुर्गा पूजा पंडालों पर मीटर लगाए जाने और मुस्लिम समुदाय द्वारा कटिया लगाकर बिजली इस्तेमाल किए जाने की बात कही जा रही है। वायरल ऑडियो को दीपक कन्नौजिया का बताया जा रहा है, हालांकि इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
आरोप लगाया गया है कि इस तरह की बातें टाण्डा की गंगा-जमुनी तहजीब को चोट पहुंचाकर सामाजिक माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर सकती हैं। AIMIM ने प्रशासन से वायरल ऑडियो की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग भी उठाई है।
पीस कमेटी की बैठक पर भी उठे सवाल!
जश्ने विलादत से पहले आयोजित पीस कमेटी की बैठक में बिजली विभाग के अधिकारी भी मौजूद रहे। AIMIM जिलाध्यक्ष गुलाम दस्तगीर अंसारी का आरोप है कि बैठक में सार्वजनिक मार्गों पर होने वाली सजावट के लिए बिजली व्यवस्था, अस्थायी कनेक्शन अथवा कटिया के संबंध में कोई स्पष्ट निर्देश नहीं दिया गया। ऐसे में पर्व से ठीक पहले अचानक कनेक्शन काटने और कटिया हटाने की कार्रवाई शुरू होने से सवाल खड़े हो गए हैं। यदि सार्वजनिक सजावट के लिए कटिया नियम विरुद्ध थी तो बैठक में ही आयोजकों को इसकी जानकारी देकर वैध Temporary Connection लेने का रास्ता क्यों नहीं बताया गया? अब कार्रवाई से पहले सूचना न देने को लेकर भी प्रशासन से जवाब मांगा जा रहा है।
जुलूसे मोहम्मदी की तैयारी पूरी
दूसरी तरफ जुलूसे मोहम्मदी को लेकर भी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कस्बा जामा मस्जिद से मरकज अंजुमन गुलामाने मुस्तफा के नेतृत्व में जुलूस निकलेगा। जुलूस छोटी बाजार, आर्यकन्या, जुबैर चौराहा, नयन तारा चौराहा, हयातगंज, चौक घंटाघर, छज्जापुर मछली पुल होते हुए झारखंडी पहुंचेगा।
इसके बाद जुलूस अलीगंज चौराहा तक जाएगा और यू-टर्न लेकर पुनः अलीगंज चौराहा, एचडीएफसी बैंक के सामने, ताज तिराहा, ताज टॉकीज, चूड़ी वाली गली और सिटी सेंटर होते हुए सकरावल मार्ग पर पहुंचेगा। यहां से मदरसा ऐनुल उलूम, सकरावल पुलिस चौकी, गल्ला मंडी होते हुए गोठ पहुंचेगा। इसके बाद पश्चिम दिशा में मुड़कर टाण्डा-अकबरपुर मार्ग से तलवापार स्थित हक्कानी शाह रहमतुल्लाह अलैह की दरगाह पर पहुंचकर जुलूस का समापन होगा।
–अब प्रशासन की भूमिका पर टिकी निगाहें
एक तरफ बिजली विभाग की कार्रवाई और दूसरी तरफ सोशल मीडिया पर वायरल ऑडियो को लेकर उठे सवालों ने जश्ने विलादत से पहले टाण्डा का माहौल गरमा दिया है। अब निगाहें प्रशासन पर हैं कि वह बिजली कनेक्शन के विवाद और वायरल ऑडियो की शिकायत पर क्या कदम उठाता है।
AIMIM जिलाध्यक्ष का कहना है कि पर्व वर्षों से चली आ रही परंपरा के अनुसार मनाया जाता है, इसलिए व्यवस्था बनाए रखने के नाम पर ऐसी कार्रवाई नहीं होनी चाहिए जिससे किसी समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत हों या माहौल खराब हो।




